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डिजिटल लेन-देन में सुरक्षित रहने के लिए जानिए ये सात उपाय

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डिजिटल दुनिया में कैशलेस होने के कई खतरे भी हैं। ऑनलाइन बैंकिंग या मोबाइल लेन-देन करने से पहले सुरक्षा पर भी ध्यान देना काफी जरूरी है। ऑनलाइन सुरक्षा के लिए आपको कुछ खास चीजों पर ध्यान देना होगा।

1. टू-स्टेप ऑथेंटिकेशन- ऑनलाइन सुरक्षा के लिए टू-स्टेप ऑथेंटिकेशन सबसे बेहतर उपाय है। अगर किसी ने चोरी से आपके ईमेल, फेसबुक, ट्विटर या किसी भी साइट का फासवर्ड हैक या चुरा भी लिया है तो आपका अकाउंट सुरक्षित रहेगा। टू-स्टेप ऑथेंटिकेशन में लॉग इन करते वक्त आपको ओटीपी या मैसेज आएगा। इसे वैरिफाई करने के बाद ही अकाउंट खुलेगा।

2. मजबूत पासवर्ड- ऑनलाइन सुरक्षा के लिए मजबूत पासवर्ड बहुत जरूरी है। आमतौर पर लोग जन्मदिन, मकान नंबर, फोन नंबर, गाड़ी नंबर, फ्रेंड का नाम या फिर 1234 पासवर्ड रखते हैं। ये आसानी से हैक हो जाता है। इसके लिए आपको शब्द के साथ अंक और @ # $ % & जैसे कुछ स्पेशल कैरेक्टर को मिलाकर पासवर्ड रखने होंगे। इसे कुछ दिन के बाद बदलते भी रहें। साथ ही कभी भी अपना यूजरनेम और पासवर्ड किसी से शेयर ना करें।

3. इनकॉग्निटो मोड- अगर आप अपने गूगल क्रोम, मोजिला फायरफॉरक्स में हिस्ट्री सेव मोड को चेंज नहीं किए हुए हैं तो ऑनलाइन लेन-देन करते समय अपने ब्राउजर को incognito मोड में ले आइए। इससे आपका डाटा सेव नहीं होगा और ब्राउजर बंद करते ही सब लॉग आउट हो जाएगा।

4. एस सुरक्षा- जब भी आप किसी साइट पर जाएंगे तो आमतौर पर वेबसाइट का एड्रेस http से शुरू होता है। लेकिन जिस में https लिखा रहता है, आप उस पर भरोसा कर सकते हैं। एस का मतलब सिक्योरिटी… सुरक्षा से है। तो अब जिस किसी भी वेबसाइट के एड्रेस में https हो तो आप वहां से सुरक्षित लेन-देन कर सकते हैं। इसके साथ आपको एक ताला भी दिखेगा। ग्रीन ताला याानी सुरक्षित वेबसाइट।

5. पासवर्ड/ओटीपी बताना- कोई भी बैंक, मोबाइल वॉलेट कंपनी या उनका कोई भी कर्मचारी आपसे कभी पासवर्ड नहीं मांगता है। फोन करके आपसे अगर कभी कोई आपका पासवर्ड, ओटीपी या जन्मदिन के बारे में जानकारी मांगे तो उसे ना दें और उस नंबर को ब्लॉक कर दें। इस बारे में आप अपने मोबाइल सेवा प्रदाता से भी शिकायत कर सकते हैं।

6. लिंक क्लिक ना करें- अगर आपको ईमेल, फेसबुक या किसी सोशल मीडिया अकाउंट के जरिए किसी लिंक को क्लिक करने के लिए कहा जाए तो उससे बचिए। वह किसी फर्जी वेबसाइट का या फिर फिशिंग वेबसाइट का एड्रैस हो सकता है। यह आपकी सारी पर्सनल जानकारी हैक कर सकता है। क्योंकि उस शॉर्ट लिंक में उसका अपना लिंक छिपा हो सकता है। इसलिए लिंक पर क्लिक करने के बजाय आप सीधा उस वेबसाइट का नाम लिखकर उसे ओपन करे। जैसे अगर कोई ऑफर देकर एसबीआई या फ्लिपकार्ट या फिर अमेजन का लिंक भेजता है तो आप उसे ना क्लिक कर सीधा एड्रेस बार में जाकर एसबीआई, फ्लिपकार्ट या अमेजन का नाम लिखकर ओपन करें।

7. पॉप अप- किसी भी साइट पर पॉप अप क्लिक ना करें। ये पॉप अप वायरस या मालवेयर हो सकता है जो आपकी पर्सनल जानकारी ले सकता है। आपके सिस्टम को हैक कर सकता है। इसके लिए अपने कंप्यूटर में कोई अच्छा सा एंटी वायरस इंस्टाल जरूर रखिए और समय- समय पर सिस्टम को स्कैन करते रहें।

अगर आप इन बातों का ध्यान रख रहे हैं तो बेफिक्र होकर मोबाइल या इंटरनेट बैंकिंग का आनंद उठाइए और डिजिटल हो जाइए।

-हितेंद्र गुप्ता

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